सतना जिला अस्पताल में तीन वर्षों से सर्विसिंग नहीं होने पर दोनों पीएसए ऑक्सीजन प्लांट बंद कर दिए गए। फिलहाल एलएमओ प्लांट से ऑक्सीजन सप्लाई जारी है, लेकिन तकनीकी खराबी की स्थिति में मरीजों पर संकट गहरा सकता है।
रीवा जिले के सिरमौर अस्पताल में अमानवीय लापरवाही सामने आई, जहां एक वृद्ध तीन घंटे तक पोर्च में तड़पता रहा। डॉक्टरों की अनदेखी से उसकी मौत हो गई, परिजन करते रहे मदद की गुहार।
सतना जिला अस्पताल में सर्जरी के दौरान नाइट्रस ऑक्साइड सिलेंडर खत्म होने पर उधार से ऑपरेशन पूरा किया गया। लगातार कमी से डॉक्टर नाराज, ओटी बंद करने की चेतावनी दी गई है।
सतना जिला अस्पताल की पहली मंजिल पर एक साल पहले लगी टाइल्स उखड़ने लगी हैं, जिससे मरीजों की सुरक्षा पर खतरा बढ़ गया है और निर्माण गुणवत्ता पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
मैहर सिविल अस्पताल में लिफ्ट और ऑक्सीजन प्लांट एक माह बाद भी बंद हैं। डिप्टी सीएम के निर्देशों के बावजूद सुधार नहीं हुआ, मरीजों को सिलेंडर के भरोसे इलाज मिल रहा है।
रीवा मेडिकल कॉलेज बैठक में डिप्टी सीएम राजेंद्र शुक्ला भड़के, डीन पर भुगतान रोकने के आरोप। लंबित बिल और सफाई व्यवस्था पर जताई नाराजगी, सुधार के सख्त निर्देश दिए।
रीवा सुपर स्पेशलिटी अस्पताल के औचक निरीक्षण में अव्यवस्थाएं उजागर, मरीजों ने घेरकर शिकायतें कीं। डिप्टी सीएम ने डीन और अधीक्षक को फटकार लगाई, पार्किंग ठेका निरस्त करने के निर्देश दिए।
सतना जिला अस्पताल में 62 जरूरी दवाओं की कमी, मरीजों को बाहर से दवाएं खरीदने की मजबूरी, व्यवस्था पर सवाल।
रीवा सुपर स्पेशलिटी अस्पताल में एसी पाइपलाइन क्षतिग्रस्त होने से 13 करोड़ की एमआरआई मशीन आठ दिनों से बंद है। जांच ठप होने से मरीजों को निजी केंद्रों में महंगी जांच करानी पड़ रही है।
सतना के एक निजी अस्पताल में आग की घटना ने जिले की पूरी स्वास्थ्य व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। जिला अस्पताल समेत करीब 30 निजी अस्पताल और नर्सिंग होम बिना फायर एनओसी और सुरक्षा इंतजामों के संचालित हो रहे हैं। नोटिसों की अनदेखी, जिम्मेदारों की चुप्पी और मरीजों की जान खतरे में।






















